Poetry.com

0 119 2

मुशिकल है

Date Written: October 13, 2017
Categories:
 

आजकल हो क्या रहा है

ज़िन्दगी में

जो भी आता है

ठुकरा कर चला जाता है

जब सुकूँ मिला

तो खुशी ने ठुकरा दिया

काम का तुज़ुरबा आया

तो नौकरी से निकाल दिया

थोड़ी सी तबियत सुधरने लगी

तो हालातों ने

फिर से बिमार बना दिया

अभी तो दस्तक भी न दी थी

और लोगों ने पहले ही

दिल से निकाल दिया

मुशिकल है

लोगों के दिलों को पढ़ पाना

अरे हर कोई हसाने के बहाने आता है

और रूला कर चला जाता है

2 comments on “मुशिकल है”

  1. Uma Natarajan     October 14, 2017

    Hansi me bhi gum choopa hai Rona Hansi se Behtar hai

  2. Sonia Crt     October 14, 2017

    bilkul sahi mam..i totally agree with you

Leave a Reply

No image दिल था मेरा मोम का रोज़ गिरती थीलोगों की नज़र मेंआज खुद की नज़रों सेखुद…
by Sonia Crt
1 90 2
No image THE LESSON No hurdle no obstaclecan stop your destinedhappily live your lifedon't…
by Sonia Crt
2 125 4
No image YES OR NO Don't stuck in the unfit thoughtsJust follow the yes or…
by Sonia Crt
1 145 3

Sonia Crt

share
ADD TO COLLECTION
Register
Send message